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बूढ़े ताऊ ने मुझे चोद कर मुझ से यौन सम्बन्ध बनाये

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New Sex Stories मेरा नाम जानकी है मेरी उम्र 23 साल है। मेरा फिगर 34 28 32 का है। मेरा जिस्म भरा और गदराया हुआ है। मेरे कपड़ों से ही मेरे जिस्म के उतार चढ़ाव दिखते है। मेरे होठ बहुत सेक्सी, गुलाबी और रसीले है पर दोस्तों मेरी चूत के होठ उससे भी जादा बड़े बड़े, रसीले और सेक्सी है। मुझे चुदना और मोटा लंड खाना बहुत पसंद है। मैं बहुत गोरी और जवान लड़की हूँ। मेरा बदन बहुत गोरा और सुडौल हूँ। मेरा फिगर कमाल का हूँ। मेरे ताऊ का घर लखनऊ में था। उसका बड़ा सा बंगला था। जबकि मेरा घर गाँव में था। मैं 12 वी पास होने के बाद नीट (डॉक्टरी) की तैयारी करना चाहती थी। इसलिए मैं अपने ताऊ जी के घर रहने लगी। लखनऊ में ही मैंने एक कोचिंग कर ली। धीरे धीरे सब अच्छा होने लगा।
मेरी पढाई अच्छी तरह से होने लगी। ताऊ जी के घर में सिर्फ 3 लोग की थे। मैं, ताई जी और ताऊ जी। ताऊ जी का लड़का भोपाल में सरकारी नौकरी करता था। उनकी 2 लड़कियों की शादी हो चुकी थी। इसलिए अब लखनऊ वाले घर पर अब सिर्फ ताई और ताऊ जी रहते थे। रात में अक्सर वो मेरे पास आ जाते थे। एक दिन रात को 10 बजे मैं खाना खाकर अपने कमरे में बैठकर पढ़ रही थी। मेरा सेक्स करने का मन कर रहा था। मैंने इस वक़्त एक हल्की टी शर्ट और लोवर पहन रखा था। मुझे इसमें बहुत आराम मिलता था इसलिए मैं घर पर यही पहनती थी। धीरे धीरे मैंने अपनी लोवर में अंदर हाथ डाल दिया और चूत में ऊँगली करने लगी। धीरे धीरे मैं अपने 34” के रसीले दूध दबाने लगी। मन कर रहा की कोई मुझे आकर चोद ले। आज कोचिंग में मेरी एक सहेली ने मुझे ब्लू फिल्म दिखा दी थी जिसे देखकर मुझे बहुत मजा मिला था। मैं जल्दी जल्दी अपने लोअर में हाथ घुसा कर ऊँगली कर रही थी। “ओह्ह माँ….ओह्ह माँ…उ उ उ उ उ……अअअअअ आआआआ….” की सेक्सी आवाजे मैं निकाल रही थी। अपने रबर जैसे रसीले मम्मे मैं खुद ही दबा रही थी। दोस्तों पता नही कैसे मेरे ताऊ जी ने मुझे ऐसा करते देख लिया और मेरे कमरे में घुस आये। ताऊ जी सफ़ेद रंग का कुरता पजामा पहना हुआ था। एक हल्की शाल उन्होंने कंधे पर डाल रखी थी। वो मेरे पास आकर बेड पर बैठ गये और मेरे हाथ को पकड़कर अपने होठो पर ले गये और फिर किस कर लिया।

“ताऊ जी! ये आप क्या कर रहे है???” मैंने पूछा
“बेटी! मैंने तुमको तुम्हारी रसीली चूत में ऊँगली करते देख लिया है। तुम चुदना चाहती हो और मजे लेना चाहती हो। मैं बुड्ढा हो गया हूँ पर आज भी मेरी बंदूक काम करती है। आओ मेरे पास” ताऊ जी धीरे से बोले और धीरे धीरे मुझे बाहों में भर लिया। ये कहानी आप इंडियन सेक्स कहानी डॉट कॉम पर पढ़ रहे है।
“नही ताऊ जी ये पाप होगा। आप कहाँ 70 साल के और मैं कहाँ 23 साल की” मैंने कहा
ताऊ जी ने मुझे बाहों में भर लिया और मेरे गोल गोल ठोस मम्मो को टी शर्ट के उपर से हाथ रखकर सहलाने लगे। मुझे मजा आ रहा था।
“बेटी जिस पाप में मजा आये तो गलत नही हो सकता। और वैसे में प्यार में कोई छोटा बड़ा नही हो सकता। तुम्हारी ताई जी का अब चुदाने का मन नही करता है। वो मुझे चूत नही देती है। आओ आज तुम मुझे चूत दे दो और बदले में मुझसे लंड ले लो। आओ जानकी बेटी” ताऊ जी बोले
उसके बाद वो तेज तेज मेरे रसीले दूध मेरी हल्की टी शर्ट के उपर से दबाने लगे। मैं बार बार “ओहह्ह्ह…ओह्ह्ह्ह…अह्हह्हह…अई..अई. .अई… उ उ उ उ उ…” करने लगी। फिर ताऊ जी ने मुझे बेड पर लिटा दिया और मेरे रसीले होठ चूसने लगे। दोस्तों सब कुछ अपने आप होता चला गया। मैं उनको मना नही कर पाई। ताऊ जी मेरे होठ पी रहे थे। मुंह चला चलाकर मेरे गुलाब जैसे होठ पी रहे थे। मुझे अच्छा लग रहा था। फिर मैं भी उनका सहयोग करने लगी। मैं भी मुंह चलाकर उनके लब चूसने लगी। इसी बीच मेरे महा ठरकी ताऊ जी ने अपना सीधा हाथ मेरे लोअर में अंदर डाल दिया और चूत तक पहुच गये। उन्होंने हाथ मेरी पेंटी में घुसा दिया और फिर मेरी रसीली चूत में अपनी 2 मोटी मोटी ऊँगली घुसा दी। और जल्दी जल्दी फेटने लगे। “आआआअह्हह्हह…..ईईईईईईई….ओह्ह्ह्….अई. .अई..अई…..अई..मम्मी….” मैं बोलने लगी।

मुझे बड़ा अच्छा लग रहा था। ताऊ जी मेरे चूत के छेद में जल्दी जल्दी ऊँगली कर रहे थे। मैं मदहोश हो रही थी। उनकी 2 उँगलियाँ मोटी मोटी बिलकुल लंड जितनी मोटी थी। वो जल्दी जल्दी मेरी चूत में अंदर तक ऊँगली कर रहे थे। मेरी जान निकल रही थी। मुझे गर्म गर्म लग रहा था। मेरी चूत गरमा रही थी। मैं पागल हो रही थी।
“……मम्मी…मम्मी…..सी सी सी सी.. हा हा हा…ताऊ जी ये आप क्या कर रहे है??? …..ऊऊऊ ….ऊँ. .ऊँ…ऊँ…उनहूँ उनहूँ..” मैंने अपने जिस्म को मरोड़ते हुए कहा
“बेटी! देखना अभी तेरी चूत कैसे अपना मीठा फव्वारा छोडती है” ताऊ जी मुस्कुराकर बोले। वो बिलकुल परेश जैसे दिख रहे थे जो हर फिल्म में हीरोइन को चोद देता था।
फिर वो जल्दी जल्दी अपना हाथ मेरी चूत में डालने लगे। मुझे बड़ा अजीब सा लग रहा था। लग रहा था की मुझे पेशाब होने वाली है। ताऊ जी की 2 उँगलियाँ मेरे भोसड़े में धमाल मचा रही थी। वो बिना रुके बस जल्दी जल्दी चूत में ऊँगली कर रहे थे। मेरी चूत जलते हुए कोयले की तरह सुलग रही थी। मेरा जिस्म अकड रहा था। फिर ताऊ जी बहुत तीव्र गति से चूत में ऊँगली करने लगे। आखिर में 5 मिनट बाद मेरी चूत ने अपना फव्वारा छोड़ दिया। दोस्तों मेरी रसीली बुर से  5-6 बार पानी निकला जिससे मेरा लोअर पूरी तरह से भीग गया। जिस बेड पर मैं लेटी थी वो भी भीग गया।
“जानकी बेटी और मजा लोगी की बस यही पर चुदाई की क्लास खत्म कर दूँ” ताऊ जी बोले
““…….उई. .उई..उई…….माँ….ओह्ह्ह्ह माँ……अहह्ह्ह्हह… ताऊ जी अब मुझे अधूरा छोड़कर क्यों जा रहे हो। अब मुझे चोदकर पूरा मजा दे दो” मैंने कहा
उसके बाद ताऊ जी ने अपना कुरता पजामा निकाल दिया और कच्छा उतार दिया। वो पूरी तरह से नंगे हो गये थे। उन्होंने मेरी भीगी लोअर खींच कर निकाल दी। मेरी पेंटी और टी शर्ट को भी उतार दिया। मैंने अपनी ब्रा के हुक को खोल दिया। मैं पूरी तरह से नंगी थी। ताऊ जी मेरे बगल आकर लेट गये और लंड की तरह इशारा किया। ये कहानी आप इंडियन सेक्स कहानी डॉट कॉम पर पढ़ रहे है।

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“जानकी बेटी!! आओ मेरे लंड की मालिश करो” ताऊ जी बोले
ताऊ के लंड को हाथ से पकड़ लिया और जल्दी जल्दी फेटने लगी। ओह्ह कितना बड़ा लंड था दोस्तों। मुश्किल से मेरे हाथ में समा पा रहा था। मुझे खुशी थी की आज इतना मोटा लंड मेरे भोसड़े में जाएगा और उसे फाड़कर रख देगा। मैं हाथ को जल्दी जल्दी बल देने लगी और जल्दी जल्दी फेटने लगी। फिर मुंह में लेकर आइसक्रीम की तरह चूसने लगी। मुझे मजा आ रहा था। मैं जल्दी जल्दी किसी बिच की तरह लंड चूस रही थी। ताऊ जी मेरे लटकते मम्मो को हाथ में लेकर सहला रहे थे। “……अअअअअ आआआआ….” बजा आ रहा है जानकी बेटी। और कसके चूसो” ताऊ जी बोले। दोस्तों मुझे अच्छा लगा की ताऊ जी को मेरी मालिश अच्छी लग रही है।
मैं और मेहनत से काम करने लगी और ताऊ का लंड जल्दी जल्दी फेटने लगी। मेरे हाथ जल्दी जल्दी उपर नीचे उनके लंड पर दौड़ लगा रहे थे। मैं जल्दी जल्दी सिर को उपर नीचे करके चूस रही थी। मेरे सेक्सी होठ आज ताऊ के लंड की मालिश कर रहे थे। मैंने 20 मिनट उसका लंड चुसव्व्ल किया फिर उनकी गोलियां चूसने लगी।
“चलो जानकी बेटी!! लेट जाओ और अपने पैर खोलो” ताऊ जी बोले
मैं लेट गयी। दोनों पैरों को खुल दिया। ताऊ जी की नजर मेरी रसीली चूत पर पड़ी

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“ओह्ह्ह्ह कितनी सुंदर है मुनिया रानी है तुम्हारी” ताऊ जी बोले
फिर वो लेटकर मेरी चूत चाटने लगे। वो जल्दी जल्दी मेरी बुर पी रहे थे। मुझे अच्छा लग रहा था। सेक्स और वासना का नशा मुझे चढ़ रहा था। फिर उन्होंने अपना 8” लम्बा और 2” मोटा लंड मेरे भोसड़े में उतार दिया और जल्दी जल्दी धक्के मारने लगे। मैं “ हूँउउउ हूँउउउ हूँउउउ ….ऊँ—ऊँ…ऊँ सी सी सी सी… हा हा हा.. ओ हो हो….” मैं इस तरह की तेज आवाजे निकाल रही थी। ताऊ जी तेज तेज धक्के मेरे भोसड़े में मारने लगे। दोस्तों सबसे बड़ा ताज्जुक था की मेरी छोटी सी चूत उनका मोटा लंड पूरा अंदर तक खा रही थी। इसका मतलब मैं और मोटे मोटे लौड़े से चुदवा सकती थी। ताऊ जी मेरे पैरों को पकड़कर जल्दी जल्दी मेरा गेम बजा रहे थे। लग रहा था की वो बीच समुन्दर में कोई नाव को चप्पू से खे रहे हो। पर आज इस नाव में चप्पू उनका मोटा ताजा लंड था। ताऊ जी जल्दी जल्दी मुझे चोद रहे थे। इंडियन सेक्स कहानी डॉट कॉम
“उ उ उ उ उ……अअअअअ आआआआ… सी सी सी सी….. ऊँ—ऊँ…ऊँ….और जोर से ताऊ जी…और जोर से” मैंने कहा
मेरी बात सुनकर वो आशिक बन गये और जो ताबड़तोड़ धक्के उन्होंने मेरे भोसड़े में मारे की मेरी माँ चुद गयी। मेरी चूत से ताजा मक्खन निकलने लगा। ताऊ जी बस बिना रुके मेरी भोसड़ी में अपने लंड से खोद रहे थे। मैं तो बस जोर जोर से चिल्ला रही थी। ताऊ का मोटा लंड मेरा भोसड़ा फाड़ रहा था। वो मेरे साथ सम्भोग करके समाधि को प्राप्त कर रहे थे। मैं तो जैसे सातवे आसमान में उड़ रही थी। मैं बार बार अपना पेट और कमर उपर को उठा देती थी। मेरा बदन ताऊ के लंड पर डांस कर रहा था। उन्होंने मुझे 50 मिनट नॉन स्टॉप चोदा। फिर चूत में ही माल छोड़ दिया। फिर उन्होंने मेरी गांड मारी। दोस्तों अब मेरे ताऊ जी मेरी रसीली बुर के आशिक बन गये है और हफ्ते में 3 बार मुझे चोद देते है।

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